रोलां गैरों के आख़िरी मैच में वावरिंका की आँखें नम, सिनर बने सबसे बड़े दावेदार
41 वर्षीय पूर्व चैंपियन को डच लकी लूज़र के हाथों पहले दौर में हार मिली, वहीं जानिक सिनर 2009 के नडाल के बाद पुरुष वर्ग में सबसे भारी पसंदीदा के रूप में उभरे।

स्टान वावरिंका का रोलां गैरों से विदाई का मंज़र जितना अप्रत्याशित था, उतना ही मार्मिक। सोमवार को कोर्ट सिमोन-मैथ्यू पर उनका आख़िरी स्ट्रोक एक लॉब बनकर उनके सिर के ऊपर से गुज़र कर कोर्ट के अंदर गिरा—यही उस खिलाड़ी का अंतिम प्रहार था, जिसने 2015 में यहीं अपना दूसरा ग्रैंड स्लैम जीता था। 21 बार इस टूर्नामेंट में हिस्सा ले चुके वावरिंका डच लकी लूज़र जेस्पर दे जॉन्ग से 6-3, 3-6, 6-3, 4-6 से हार गए, और इस तरह एक युग का अंत हुआ।
स्विस मीडिया ने इस विदाई को बेहद भावनात्मक बताया। नोए ज़्यूरिख़र ज़ाइटुंग ने स्पष्ट किया कि 41 वर्ष की उम्र में एटीपी रैंकिंग 113 वाले वावरिंका के लिए यह ‘स्टार्टरुंडे’ में एक और नाकामी थी, लेकिन इस बार चार सेटों तक संघर्ष ने उम्मीद जगाई थी। तागेस-आंत्साइगर के अनुसार, टूर्नामेंट निदेशक अमेली मॉरेस्मो ने स्विस खिलाड़ी को एक विशेष ट्रॉफ़ी भेंट की और तब वावरिंका के आँसू रुक नहीं पाए। रोज़र फ़ेडरर, नोवाक जोकोविच और रफ़ाएल नडाल ने वीडियो संदेशों के ज़रिए उन्हें नमन किया, जो इस बात का सबूत था कि ‘स्टान द मैन’ ने सिर्फ़ ख़िताब नहीं, बल्कि पूरे टेनिस जगत का दिल जीता था।
फ़्रांसीसी प्रेस ने भी इस क्षण को गहराई से पकड़ा। ल फ़िगारो ने वावरिंका के उस कथन को रेखांकित किया—‘मेरा मन नहीं है आपको अलविदा कहने का’—जो उन्होंने रुँधे गले से कहा। अख़बार ने एक दिलचस्प क़िस्सा भी साझा किया कि कैसे दे जॉन्ग, जब बॉल बॉय थे, तब वावरिंका उनके कोच के ख़िलाफ़ खेल चुके थे। दक्षिण अमेरिकी मीडिया में क्लारिन ने 2015 के चैंपियन के सफ़र को रेखांकित करते हुए लिखा कि एक फ़ाइनल, एक सेमीफ़ाइनल और दो क्वार्टर फ़ाइनल जैसी उपलब्धियाँ फ़ेडरर की छाया में कुछ दबी-सी रहीं, लेकिन वावरिंका की विरासत अब स्पष्ट है।
जहाँ वावरिंका का युग समाप्त हुआ, वहीं रोलां गैरों का भविष्य एक नए सितारे के इर्द-गिर्द बुनता दिख रहा है। फ़ोर्ब्स ने जानिक सिनर को पुरुष वर्ग में 2009 के रफ़ाएल नडाल के बाद सबसे भारी दावेदार बताया। सिनर -275 की दर पर पसंदीदा हैं और कार्लोस अल्काराज़ की अनुपस्थिति ने उनकी राह और आसान कर दी है। नोवाक जोकोविच ने भी माना कि सिनर ‘शायद अपने जीवन के सर्वश्रेष्ठ फ़ॉर्म’ में हैं। इस तरह, जहाँ एक ओर क्ले कोर्ट के एक सुल्तान ने आँसुओं के साथ विदा ली, वहीं दूसरी ओर इटली का यह युवा खिलाड़ी अपना पहला कॅरियर ग्रैंड स्लैम पूरा करने की ओर बढ़ रहा है। पेरिस की लाल मिट्टी एक कहानी ख़त्म करती है और दूसरी का आग़ाज़ करती है।
एक ही कहानी दूसरी जगहों पर कैसे बताई जाती है।
Latin American coverage frames Wawrinka's farewell as a wistful, affectionate tribute, where even the final point – a stray balloon drifting across the court – becomes a symbol of a romantic career. The 2015 champion gets video messages from the sport's giants, and the narrative crowns him as the underdog who stole the spotlight from Federer, turning defeat into one final celebration.
Continental European press portrays Wawrinka's exit as a tearful yet dignified ceremony: the veteran receives a tribute from Mauresmo and video messages from the Big Three he so often challenged. The narrative lingers on the late bloomer, 'the other Swiss', who managed three Grand Slam titles, turning his farewell into a triumph of respect and long-overdue recognition.
Atlantic press reduces Wawrinka's farewell to a brief note, pivoting almost entirely to Sinner's domination as a -275 favorite—the heaviest at a major since 2009. The Swiss veteran's emotional exit becomes a sidebar in a narrative focused on future odds and the quest for a Golden Slam, treating the moment with cool, analytical detachment.
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